पंचांग के अनुसार, वैशाख माह की मासिक कृष्ण जन्माष्टमी का व्रत 20 अप्रैल, गुरुवार को मनाया जाएगा। इस दिन पूजा का शुभ मुहूर्त रात 12:13 बजे से 12:59 बजे तक रहेगा। मान्यता है कि जो भक्त श्रद्धा के साथ इस व्रत को रखता है, उसकी सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। आइए जानते हैं लड्डू गोपाल की पूजा विधि, प्रिय भोग और मंत्र। 

लड्डू गोपाल की पूजा का तरीका

मासिक कृष्ण जन्माष्टमी के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान कर लें। फिर घंटी बजाकर लड्डू गोपाल को जगाएं। इसके बाद उन्हें स्नान करवाएं और स्वच्छ वस्त्र पहनाएं। स्नान के बाद लड्डू गोपाल को चंदन का तिलक लगाएं और उनका श्रृंगार करें। भोग में तुलसी का पत्ता अवश्य शामिल करें। अंत में मंत्रों का जाप और आरती करें।

लड्डू गोपाल को लगाएं ये प्रिय भोग

मासिक कृष्ण जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल को खीर, पंचामृत, माखन-मिश्री आदि का भोग लगाएं, जो उन्हें बेहद प्रिय हैं। भोग में तुलसी का पत्ता जरूर डालें, क्योंकि इसके बिना भोग अधूरा माना जाता है। भोग लगाते समय इस मंत्र का जाप करें, कहा जाता है कि ऐसा करने से भगवान भोग को जल्दी स्वीकार करते हैं –

‘ त्वदीयं वस्तु गोविन्द तुभ्यमेव समर्पये। गृहाणे सम्मुखो भूत्वा प्रसीद परमेश्वर ।।

भगवान कृष्ण के मंत्र

– ॐ कृष्णाय नमः 

– ॐ नमो भगवते श्री गोविन्दाय 

– ॐ देवकीनन्दनाय विधमहे वासुदेवाय धीमहि तन्नो कृष्ण: प्रचोदयात 

– ॐ क्लीम कृष्णाय नमः 

– गोकुल नाथाय नमः 

– ॐ श्री कृष्णः शरणं ममः 

– हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे। 

– ॐ नमो भगवते तस्मै कृष्णाय कुण्ठमेधसे। सर्वव्याधि विनाशाय प्रभो माममृतं कृधि।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *